पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल- कैबिनेट मंत्री धन सिंह रावत की लड़ाई पहुंची थाने, जानें क्या है मामला

उत्तराखंड राज्य सहकारी बैंक के निदेशक मनोज पटवाल ने कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल के खिलाफ पुलिस में तहरीर दे दी। उन्होंने कैबिनेट मंत्री की छवि खराब करने का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज करने की मांग उठाई। पटवाल ने नेहरू कॉलोनी थाने में तहरीर देकर आरोप लगाया कि कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष, सहकारिता मंत्री डॉ. धन सिंह रावत के खिलाफ बार-बार आरोप लगाकर उनकी प्रतिष्ठा गिराने का काम कर रहे हैं।

पटवाल ने कहा कि चमोली के प्रभारी मंत्री होने के नाते बीकेटीसी के सदस्य ने धन सिंह से शिकायत की है तो इसमें बुरा क्या है? उन्होंने कहा कि प्रभारी मंत्री होने के नाते घपले-घोटालों का खुलासा करके दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करना राजनेता की प्राथमिकताओं में होना चाहिए। दूसरी तरफ, नेहरू कॉलोनी के थानाध्यक्ष प्रदीप चौहान ने बताया कि शिकायत आई है। शिकायकर्ता को बता दिया गया है कि यह सिविल का मामला है। वे उचित फोरम में अपनी बात रखें।

भाजपाइयों ने गोदियाल के खिलाफ खोला मोर्चा
देहरादून। कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाने के बाद कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल भाजपा कार्यकर्ताओं के निशाने पर आ गए हैं। पार्टी के कई पदाधिकारियों ने गोदियाल के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। गोदियाल ने मंत्री पर सहकारिता और स्वास्थ्य विभाग में भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे।

इसके बाद शनिवार को भाजपा के कई पदाधिकारियों ने सिलसिलेवार तरीके से उनके खिलाफ मोर्चा खोला। सबसे पहले भाजयुमो के प्रदेश मीडिया प्रभारी एवं राज्य सहकारी बैंक के निदेशक मनोज पटवाल ने गोदियाल के खिलाफ नेहरू कॉलोनी थाने में तहरीर दी। उसके बाद भाजपा के पूर्व प्रदेश कार्यालय प्रमुख उर्बादत्त भट्ट ने पिथौरागढ़ कोतवाली में गणेश गोदियाल के खिलाफ तहरीर देकर उन पर हमला बोला।

जबकि, कुछ देर बाद भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता रवींद्र जुगरान ने गोदियाल की शैक्षिक योग्यता पर सवाल खड़े कर दिए। उन्होंने कहा कि यदि गोदियाल पाक साफ हैं तो मंदिर समिति के सदस्य के आरोपों से पूरी कांग्रेस इतनी विचलित क्यों है? उन्होंने पूछा, गोदियाल को बताना चाहिए कि उन्होंने स्नातक कहां से किया है?

जुगरान ने आरोप लगाया कि गोदियाल ने अपने कॉलेज से ग्रेजुएशन किया और उनके द्वारा नियुक्त मैनेजमेंट ने उनकी परीक्षा कराई। उन्होंने गोदियाल की संपत्ति पर भी सवाल खड़े किए। उधर, गोदियाल का कहना है कि मैंने खुद लगे आरोपों पर सच सामने रखा है। यदि मंत्री भी सही हैं तो वो खुलकर आगे आएं। भाजपाइयों के जरिए बयानबाजी कराना बताता है कि भाजपा की पूरी दाल ही काली है।

Leave a Reply

Your email address will not be published.